
टंट्या भील एक प्रसिद्ध आदिवासी स्वतंत्रता सेनानी थे, जिन्होंने 19वीं शताब्दी में अंग्रेज़ी शासन और शोषण के खिलाफ संघर्ष किया। वे गरीबों और आदिवासियों की मदद के लिए जाने जाते थे। उन्हें “भारतीय रॉबिन हुड” भी कहा जाता है। 1889 में अंग्रेजों ने उन्हें गिरफ्तार कर फाँसी दे दी। आज टंट्या भील को मध्य प्रदेश के प्रमुख जननायकों में याद किया जाता है।
